मंगलवार, 23 फ़रवरी 2021

प्रीत धुन शब्दावली ...

वीना उपाध्याय

प्रीत धुन शब्दावली आली बोल 
किस कारण आज
यूँ हो रही उतावली
तेरी प्रेमील मुखरित
भाव - ए - अंदाज
मन मोह रही शब्दावली! 
बोल बालम परदेसी 
कहीं आनेवाला
है तो नहीं?
तुझको अपने संग लेकर
कहीं जानेवाला
है तो नहीं?
सांसों में मधुरम -  मधुरम राग  
तेरे अधरों पे आ ठहरे हैं  
महके - महके
सरगम साज पल - पल 
हर पल मचले हैं!!
हर्षित - पुलकित पुतलियां
मिल मना रही 
दीपावली 
तेरी मुखरित 
भाव - ए - अंदाज  
मन मोह रही शब्दावली
आली जब इन खुशियों को
पिया सन्मुख ले जाना
मत छेड़ना बीती बातें
वर्तमान में हीं रुक जाना

मुज़फ्फरपुर (बिहार )


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